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Sep 26, 2017 · 1 min read

बचपन

विश्वास भरे कदमों की आहट है “बचपन”
जिज्ञासा भरी सोच का नाम है “बचपन”
निश्वार्थ, निर्मल मन की उत्तम परिभाषा है “बचपन”
छल, द्वेष, दम्भ, पाखंड से परे है “बचपन”
झूठी चकाचौंध और दिखावे से दूर है “बचपन”
मन की सच्चाई का दर्पण है “बचपन”
रिश्तों की गरिमा का मान है “बचपन”
चिंतामुक्त और उन्मुक्त है “बचपन”
सचमुच कितना प्यारा और भोला है “बचपन”

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