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18 Jan 2022 · 1 min read

फूल तितली पत्तियाँ 【गीतिका】

*फूल तितली पत्तियाँ 【गीतिका】*
■■■■■■■■■■■■■■■■■■■
(1)
किसलिए किसने बनाईं ,फूल तितली पत्तियाँ
कुछ समझ में आ न पाईं, फूल तितली पत्तियाँ
(2)
रंग यह कितने मधुर संसार में बिखरे हुए
नित्य नूतन मुस्कुराईं, फूल तितली पत्तियाँ
(3)
हँस उठा रोता हुआ बच्चा भी जिनको देखकर
बाल-मन को यों लुभाईं,फूल तितली पत्तियाँ
(4)
देखकर इनको करें हम क्यों मरण की कामना
लग रहा अमृत-नहाईं, फूल तितली पत्तियाँ
(5)
चार दिन की जिंदगी जी कर सभी जाते रहे
याद पर सौ बार आईं , फूल तितली पत्तियाँ
————————————————–
*रचयिता : रवि प्रकाश ,बाजार सर्राफा*
*रामपुर( उत्तर प्रदेश )*
*मोबाइल 99976 15451*

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