Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Write
Notifications
Wall of Fame
#10 Trending Author
Aug 6, 2022 · 1 min read

फूल कोई।

तू रूह में मेरी कुछ इस तरह समा रहा है।
जैसे फूल कोई गुलशन को महका रहा है।।

✍️✍️ ताज मोहम्मद ✍️✍️

2 Likes · 2 Comments · 36 Views
You may also like:
हर किसी में अदबो-लिहाज़ ना होता है।
Taj Mohammad
कड़वा है पर सत्य से भरा है।
Manisha Manjari
हमारी सभ्यता
Anamika Singh
कोई न अपना
AMRESH KUMAR VERMA
भारत रत्न श्री नानाजी देशमुख (संस्मरण)
Ravi Prakash
मां ‌धरती
AMRESH KUMAR VERMA
एक था ब्लैक टाइगर रविन्द्र कौशिक
महावीर उत्तरांचली • Mahavir Uttranchali
संघर्ष
Rakesh Pathak Kathara
काव्य संग्रह
AJAY PRASAD
रिश्तों में बढ रही है दुरियाँ
Anamika Singh
चाँद ......
लक्ष्मण 'बिजनौरी'
भूख सी बेबसी नहीं देखी
Dr fauzia Naseem shad
💐भगवतः स्मृति: च सेवा च महत्ववान्💐
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
बारिश का सुहाना माहौल
KAMAL THAKUR
घुतिवान- ए- मनुज
AMRESH KUMAR VERMA
सेक्लुरिजम का पाठ
Anamika Singh
दुनिया की रीति
AMRESH KUMAR VERMA
आदमी कितना नादान है
Ram Krishan Rastogi
तुमको भूल ना पाएंगे
Alok Saxena
सूरज से मनुहार (ग्रीष्म-गीत)
ईश्वर दयाल गोस्वामी
मदहोशी से निकलूं कैसे
Seema 'Tu haina'
कल्पना
Anamika Singh
इश्क ए उल्फत।
Taj Mohammad
तेरी खैर मांगता हूं खुदा से।
Taj Mohammad
तुम्हें देखा
Anamika Singh
प्रकृति का क्रोध
Anamika Singh
जवाब दो
shabina. Naaz
सफलता
Anamika Singh
किसी को भूल कर
Dr fauzia Naseem shad
✍️एक नन्हे बच्चे इंदर मेघवाल की मौत पर...!
'अशांत' शेखर
Loading...