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Jun 17, 2021 · 1 min read

प्रातः वन्दना

प्रभु आपकी शरण में आया तेरा दास,
दया दृष्टि करिए प्रभू यही करे अरदास

हम अज्ञानी मनुज हैं आप जगत के ईश
आया तेरे द्वार पर दीजै शुभ आशीष।
शक्ति त्रिपाठी देव

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