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21 May 2022 · 1 min read

पिता

पिता ही बच्चों की असल ढाल है।
पिता खुशियों का आसमान है।
पिता है तो सारी दुनिया में शराफ़त
पिता के बगैर दुनिया में जीना भी मुहाल है।।

ख़ुद की सारी ख्वाहिशें भूलाकर
कर देते सारी फरमानिया पूरी ।।
पहन लेते वही कपड़े हर त्यौहार पर ताकि बच्चों के कोई शौक़ न रह जाए अधूरे ।।

कभी डांटते है तो कभी कड़क स्वभाव में बात करते है
पर एक पिता ही है जो बच्चों को ख़ुद से भी आगे देखना चाहता है।।

कभी पिता के साय को ख़ुद से अलग न होने देना
अगर पिता है तो सब है
जीवन में भरे पूरे रंग हैं
नहीं तो इस बेमतलब दुनिया में
सब मतलब के यार है।।
✍️✍️रश्मि गुप्ता @Rays Gupta

Language: Hindi
Tag: कविता
5 Likes · 6 Comments · 220 Views
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