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Jun 13, 2021 · 1 min read

न रुठो इस तरह —— मुक्तक

न रूठो इस तरह हमसे, चोट दिल पे लग जाएगी।
दर्द होगा बहुत ज्यादा, दवा न काम आएगी।
जिएंगे फिर तो हम कैसे, रहोगे रूठे तुम ऐसे।
चलो अब मान भी जाओ, अब न गलती हो पाएगी।।
राजेश व्यास अनुनय

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