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नादानी – डी के निवातिया

नादानी
!
तेरी हर इक हसीं मुस्कान पर
मुझ से ये नादानी हो जाती है,
तुझे देखते ही बोलने से पहले,
मेरी जुबान लड़खड़ा जाती है !!
!
डी के निवातिया

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