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27 Feb 2023 · 1 min read

💐प्रेम कौतुक-291💐

दस-बारह जने उन्हें जानते हैं,हमें कोई नही जानता,
फ़क्र है,हमें उनके अलावा कोई अपना नहीं मानता।

©®अभिषेक: पाराशरः “आनन्द”

Language: Hindi
58 Views
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