“तुम शब्द बन कर आ गये”

तुम्हे ही तो लिख रही थी
कि तुम शब्द बन कर आ गये,
शान्त स्निग्ध नयनों से,
अविराम दृष्टि गड़ाये हुए ,
अक्षरों की ओट से निहारते,
मन के पुलिन तट पर ,
असंख्य स्पन्दित कामनायें,
उल्लसित हो प्रदीप्त हो उठी,
तुम्हे ही तो पढ रही थी,
कि तुम अर्थ बन कर आ गये,
मंद मुदित स्मर स्मिति से,
स्वप्निल स्पृहा बिछाये हुए,
पुस्तक की ओट से निहारते,
जीवन के सुमधुर पल पर ,
कम्पित नादमय संगीत जो ,
बनकर सारंगा सी झूम उठी||
…निधि …

3 Likes · 2 Comments · 330 Views
You may also like:
*मेरे देश का सैनिक*
Prabhudayal Raniwal
🌺🌺दोषदृष्टया: साधके प्रभावः🌺🌺
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
जगाओ हिम्मत और विश्वास तुम
gurudeenverma198
कैसे समझाऊँ तुझे...
Sapna K S
चिट्ठी का जमाना और अध्यापक
Mahender Singh Hans
【11】 *!* टिक टिक टिक चले घड़ी *!*
Arise DGRJ (Khaimsingh Saini)
"निरक्षर-भारती"
Prabhudayal Raniwal
फिर से खो गया है।
Taj Mohammad
जब वो कृष्णा मेरे मन की आवाज़ बन जाता है।
Manisha Manjari
किस्मत एक ताना...
Sapna K S
एक पिता की जान।
Taj Mohammad
प्रकृति का उपहार
Anamika Singh
*झाँसी की क्षत्राणी । (झाँसी की वीरांगना/वीरनारी)
Pt. Brajesh Kumar Nayak
"सूखा गुलाब का फूल"
Ajit Kumar "Karn"
पिता भगवान का अवतार होता है।
Taj Mohammad
💐प्रेम की राह पर-32💐
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
पुस्तकें
डॉ. शिव लहरी
आख़िरी मुलाक़ात ghazal by Vinit Singh Shayar
Vinit Singh
कोई हमारा ना हुआ।
Taj Mohammad
ये चिड़िया
Anamika Singh
गरीब के हालात
Ram Krishan Rastogi
** दर्द की दास्तान **
Dr. Alpa H.
परिस्थितियों के आगे न झुकना।
Anamika Singh
Blessings Of The Lord Buddha
Buddha Prakash
उम्मीद से भरा
Dr.sima
ग़ज़ल- मज़दूर
आकाश महेशपुरी
पिता:सम्पूर्ण ब्रह्मांड
Jyoti Khari
मुक्तक
Ranjeet Kumar
पिता
Deepali Kalra
बाबा ब्याह ना देना,,,
Taj Mohammad
Loading...