Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Write
Notifications
Wall of Fame
#10 Trending Author
May 21, 2022 · 1 min read

चलो जिन्दगी को।

चलों जिन्दगी को फिर से जीना
सिखाते है।

कुछ और हंसना कुछ और रोना
सिखाते है।।

✍✍ताज मोहम्मद✍✍

2 Likes · 61 Views
You may also like:
उम्मीद से भरा
Dr.sima
✍️🌺प्रेम की राह पर-46🌺✍️
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
** शरारत **
Dr. Alpa H. Amin
चुप ही रहेंगे...?
मनोज कर्ण
मेरी मोहब्बत की हर एक फिक्र में।
Taj Mohammad
दिल मे कौन रहता है..?
N.ksahu0007@writer
पिता:सम्पूर्ण ब्रह्मांड
Jyoti Khari
My Expressions
Shyam Sundar Subramanian
डॉक्टर की दवाई
Buddha Prakash
इंसान जीवन को अब ना जीता है।
Taj Mohammad
उस निरोगी का रोग
gurudeenverma198
✍️जिद्द..!✍️
"अशांत" शेखर
पानी यौवन मूल
Jatashankar Prajapati
विसाले यार
Taj Mohammad
ये दूरियां मिटा दो ना
Nitu Sah
खूबसूरत एहसास.......
Dr. Alpa H. Amin
प्रेम
Rashmi Sanjay
मजदूर बिना विकास असंभव ..( मजदूर दिवस पर विशेष)
ओनिका सेतिया 'अनु '
समय के पंखों में कितनी विचित्रता समायी है।
Manisha Manjari
जब बेटा पिता पे सवाल उठाता हैं
Nitu Sah
आमाल।
Taj Mohammad
कुछ ख़ास करते है।
Taj Mohammad
भारत लोकतंत्र एक पर्याय
Rj Anand Prajapati
रामपुर का इतिहास (पुस्तक समीक्षा)
Ravi Prakash
नई तकदीर
मनोज कर्ण
लिख लेते हैं थोड़ा थोड़ा
सूर्यकांत द्विवेदी
समय
AMRESH KUMAR VERMA
🌺🍀सुखं इच्छाकर्तारं कदापि शान्ति: न मिलति🍀🌺
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
पापा की परी...
Sapna K S
कविता " बोध "
vishwambhar pandey vyagra
Loading...