Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Write
Notifications
Wall of Fame
Jun 15, 2021 · 1 min read

गम के घूट

कभी तुममें, कभी हममे, यू खोया सा मै रहता..
कभी गम मे, कभी अहम मे भी खोया सा मै रहता //

ना जाने कैसे मै रहता, न जाने कैसे मै सहता,
ना जाने कैसे मै रोता, न जाने कैसे मै सोता //

यूँ आंसू ही निकले हर क्षण, ना जानो कैसे मै जीता,
तुफानो के बीच हू मै, न जानो कैसे गम के घूट मै पीता //

1 Like · 189 Views
You may also like:
✍️दो पंक्तिया✍️
'अशांत' शेखर
प्यार अंधा होता है
Anamika Singh
ये लखनऊ है मेरी जान।
Taj Mohammad
कबसे चौखट पे उनकी पड़े ही पड़े
महावीर उत्तरांचली • Mahavir Uttranchali
पिता
Santoshi devi
#मजबूरी
D.k Math { ਧਨੇਸ਼ }
तितली सी उड़ान है
VINOD KUMAR CHAUHAN
“ पगडंडी का बालक ”
DESH RAJ
Gazal sagheer
Dr.SAGHEER AHMAD SIDDIQUI
शाम सुहानी सावन की
लक्ष्मी सिंह
चुनिंदा अशआर
Dr fauzia Naseem shad
दोहा में लय, समकल -विषमकल, दग्धाक्षर , जगण पर विचार...
Subhash Singhai
गरीब आदमी।
Taj Mohammad
सियासत की बातें
Dr. Sunita Singh
अच्छा मित्र कौन ? लेख - शिवकुमार बिलगरामी
Shivkumar Bilagrami
वक्त को कब मिला है ठौर
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
हौसले मेरे
Dr fauzia Naseem shad
*#सिरफिरा (#लघुकथा)*
Ravi Prakash
वज्र तनु दुर्योधन
AJAY AMITABH SUMAN
मेरी आँखे
Anamika Singh
" छुपी प्रतिभा "
DrLakshman Jha Parimal
मुंह की लार – सेहत का भंडार
Vikas Sharma'Shivaaya'
मिसाइल मैन
Anamika Singh
मैं हूँ किसान।
Anamika Singh
💐दुर्गुणं-दुराचार: व्यसनं आदि दुष्ट: व्यक्ति: सदृश:💐
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
Dear Mango...!!
Kanchan Khanna
सुख दुख
Rakesh Pathak Kathara
✍️एक घना दश्त है✍️
'अशांत' शेखर
बहुत हुशियार हो गए है लोग
Dr.SAGHEER AHMAD SIDDIQUI
एक कसम
shabina. Naaz
Loading...