Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
21 Aug 2022 · 1 min read

#खुद से बातें…

#खुद से बातें…

मन के कोने में रहती हूं, खुद से बातें करती रहती हूं।
लापता नींद जैसे खो गई हो, वो चैन ढूंढती रहती हूं।
आंखों को ठंडक मिल जाए वो पल ढूंढती रहती हूं।
कुछ खास लम्हों को, माला में गूंथने की कोशिश करती रहती हूं।।

सीमा टेलर ‘तू है ना’ (छिम्पियान लम्बोर)

Language: Hindi
Tag: Blog, ग़ज़ल, शेर
2 Likes · 138 Views
You may also like:
“अवसर” खोजें, पहचाने और लाभ उठायें
पंकज कुमार शर्मा 'प्रखर'
थे गुर्जर-प्रतिहार के, सम्राट मिहिर भोज
महावीर उत्तरांचली • Mahavir Uttranchali
🍀🌺मैंने हर जगह ज़िक्र किया है तुम्हारा🌺🍀
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
तुम्हारी शोख़ अदाएं
VINOD KUMAR CHAUHAN
कशमकश
Anamika Singh
हिन्दी के हित प्यार चाहिए
surenderpal vaidya
पिता का पता
श्री रमण 'श्रीपद्'
Writing Challenge- मुस्कान (Smile)
Sahityapedia
■ आज का शेर
*Author प्रणय प्रभात*
तोड़ दे अब जंजीरें
Shekhar Chandra Mitra
मां महागौरी
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
सात अंगना के हमरों बखरियां सखी
Er.Navaneet R Shandily
✍️हम जिस्म के सूखे एहसासो से बंझर है
'अशांत' शेखर
नववर्ष
अंकित शर्मा 'इषुप्रिय'
!!महात्मा!!
पंकज पाण्डेय सावर्ण्य
बिहार छात्र
Utkarsh Dubey “Kokil”
प्रेम के रिश्ते
Rashmi Sanjay
हो पाए अगर मुमकिन
Shivkumar Bilagrami
औरत और मां
Kaur Surinder
भोलाराम का भोलापन
विनोद सिल्ला
भारत का संविधान
rkchaudhary2012
कैसे आंखों का
Dr fauzia Naseem shad
भूख से वहां इंसा मर रहा है।
Taj Mohammad
आस्तीक भाग -नौ
नंदलाल मणि त्रिपाठी पीताम्बर
मेरा शिमला
सुरेन्द्र शर्मा 'शिव'
*बहुत याद आएंगे श्री शौकत अली खाँ एडवोकेट*
Ravi Prakash
शाम से ही तेरी याद सताने लगती है
Ram Krishan Rastogi
ऐ चाँद
Saraswati Bajpai
About my first poem
ASHISH KUMAR SINGH
तुमसे अगर प्यार अगर सच्चा न होता
gurudeenverma198
Loading...