Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
12 Feb 2023 · 1 min read

💐अज्ञात के प्रति-77💐

अब कोई मज़मून बदल दो तुम ही,
या फिर दिल में बसाए रखो।
©®अभिषेक: पाराशरः ‘आनन्द’

Language: Hindi
64 Views
Join our official announcements group on Whatsapp & get all the major updates from Sahityapedia directly on Whatsapp.
You may also like:
अजनबी सी इक मुलाकात
अजनबी सी इक मुलाकात
सुशील मिश्रा (क्षितिज राज)
कभी कभी मन करता है या दया आती है और लगता है कि तुम्हे खूदकी औकात नापने का मौका द
कभी कभी मन करता है या दया आती है और लगता है कि तुम्हे खूदकी औकात नापने का मौका द
Nav Lekhika
*तैयारी होने लगी, आते देख चुनाव (कुंडलिया)*
*तैयारी होने लगी, आते देख चुनाव (कुंडलिया)*
Ravi Prakash
ठोकर भी बहुत जरूरी है
ठोकर भी बहुत जरूरी है
Anil Mishra Prahari
चर्चित हुए हम
चर्चित हुए हम
Dr. Sunita Singh
कमी नहीं थी___
कमी नहीं थी___
Rajesh vyas
जिस तरह फूल अपनी खुशबू नहीं छोड सकता
जिस तरह फूल अपनी खुशबू नहीं छोड सकता
shabina. Naaz
साजिशन दुश्मन की हर बात मान लेता है
साजिशन दुश्मन की हर बात मान लेता है
Maroof aalam
साँसों का संग्राम है, उसमें लाखों रंग।
साँसों का संग्राम है, उसमें लाखों रंग।
सूर्यकांत द्विवेदी
काले काले बादल आयें
काले काले बादल आयें
Chunnu Lal Gupta
प्रथम दृष्टांत में यदि आपकी कोई बातें वार्तालाभ ,संवाद या लि
प्रथम दृष्टांत में यदि आपकी कोई बातें वार्तालाभ ,संवाद या लि
DrLakshman Jha Parimal
वास्तविक प्रकाशक
वास्तविक प्रकाशक
Umesh उमेश शुक्ल Shukla
Har subha uthti hai ummid ki kiran
Har subha uthti hai ummid ki kiran
कवि दीपक बवेजा
■ ज्यादा कौन लिखे?
■ ज्यादा कौन लिखे?
*Author प्रणय प्रभात*
ग़ज़ल
ग़ज़ल
प्रीतम श्रावस्तवी
गुम है सरकारी बजट,
गुम है सरकारी बजट,
महावीर उत्तरांचली • Mahavir Uttranchali
ज़ुदा हैं रास्ते अपने,
ज़ुदा हैं रास्ते अपने,
Rashmi Sanjay
उम्र का लिहाज
उम्र का लिहाज
Vijay kannauje
ये मौन अगर.......! ! !
ये मौन अगर.......! ! !
Prakash Chandra
बेटी को मत मारो 🙏
बेटी को मत मारो 🙏
Samar babu
💐प्रेम कौतुक-519💐
💐प्रेम कौतुक-519💐
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
"प्रेम के पानी बिन"
Dr. Kishan tandon kranti
Kbhi Karib aake to dekho
Kbhi Karib aake to dekho
Sakshi Tripathi
युग बीते और आज भी ,
युग बीते और आज भी ,
ओनिका सेतिया 'अनु '
मेरा तुझसे मिलना, मिलकर इतना यूं करीब आ जाना।
मेरा तुझसे मिलना, मिलकर इतना यूं करीब आ जाना।
AVINASH (Avi...) MEHRA
सुहाग रात
सुहाग रात
Ram Krishan Rastogi
जय भगतसिंह
जय भगतसिंह
Shekhar Chandra Mitra
जीवनामृत
जीवनामृत
Shyam Sundar Subramanian
ए रब मेरे मरने की खबर उस तक पहुंचा देना
ए रब मेरे मरने की खबर उस तक पहुंचा देना
श्याम सिंह बिष्ट
मुझे  बखूबी याद है,
मुझे बखूबी याद है,
Sandeep Mishra
Loading...