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Sahitya

सामंजस्य दिलदिमाग और जिस्म के बीच

arti lohani
कैसे सामंजस्य बिठाती होगी दिल,दिमाग और जिस्म के बीच कैसी [...]

बहिन जी

विजय कुमार नामदेव
प्रगति पथ पर बढ़ो बहिन जी। शिखर सब ऊँचे चढ़ो बहिन [...]

हमारी संस्कृति

Rajesh Kumar Kaurav
हमारी संस्कृति ‌शश्ववत है, सनातन है मानवता ‌वाही है। न‌ [...]

ग़ज़ल

kalipad prasad
हम करे कुछ भला’ नादान बुरा कहते हैं जख्म पर के दवा’ को वो जफ़ा [...]

विजय दशमी पर्व

drpraveen srivastava
विजय दशमी पर्व ज्योति पुंज का भव्य पर्व ये , सर्वत्र [...]

मैंने अपनी मंजिल ना पाई…

Ranjeet GHOSI
जीवन के गुमनाम सफर में मिला न कोई सच्चा हमदम एक राह पर चलने, न [...]

** बस एक तेरी ही कमी है **

भूरचन्द जयपाल
अब मैं अपनी बर्बादियों से क्या कहूं वो आबाद रही जीवनभर मैं [...]

दोषी हूँ में,

Rakesh kumar
दोषी हूँ में, प्रेम करके भी तुजसे उम्मीद रख लेने का, खुशियों [...]

* अली को मंजूर नहीं मिलना तो क्या *

भूरचन्द जयपाल
15.10.17 **रात्रि** 10.11 हो दुनियां मुख़ालिफ़ हमारे तो क्या हम इश्क [...]

चंचल मन भी पागल है (गीत)

Dr.rajni Agrawal
"चंचल मन भी पागल है" गीत ******************* सारी रात जगा यादों में, चंचल [...]

विधा दीपावली

Sajoo Chaturvedi
**दीपावली **दीपों का त्यौहार घर को करें रोशनी से जगमग अमावसी [...]

तुम सब कुछ कह देना…

Ranjeet GHOSI
मिलने से जो खुशी मिली है बिछड़ने का गम कांटों चुभता है खुशी [...]

फूल की महक

DESH RAJ
फूल वो फूल नहीं जो अपनी महक दे न सके गुलशन को , चन्दन वो चन्दन [...]

तू आगे बढ़

जगदीश लववंशी
कर साहस भर उमंग आगे तू बढ़, मुश्किलो को कर पार तू जीत गढ़, राह की [...]

नजर कातिल दिखाई दे

Santosh Barmaiya
जिधर घूमे नज़र तेरी उधर #महफ़िल दिखाई दे। हुनर पे जाँ लुटी सबकी, [...]

नमन बेटियों

Santosh Barmaiya
★★★ तुम सजाओ धरा ये गगन बेटियों। आज जीवन बनाओ चमन [...]

गजल बन रहो

Santosh Barmaiya
आरजू है यही तुम गजल बन रहो। चाँदनी रात में इक कँवल बन [...]

हर क्षण नारायण नारायण नारायण गाएँ

Laxminarayan Gupta
माँ के गर्भ कैद से जीवा मुक्त करो हे राम पुकारे | जग में आकर [...]

बेनाम आसना

Yatish kumar
बेनाम आसना दर्द और चोट से दवा ना हुआ मैं अच्छा ना सही बुरा [...]

मुझे जहरीली हरगिज़ बोलियाँ अच्छी नहीं लगतीं

Pritam Rathaur
ग़ज़ल ******* 1- हँसी होठों को दे अब सिसकियाँ अच्छी नहीं [...]

फिर आया चुनावी त्योहार

Vindhya Prakash Mishra
आया फिर चुनावी त्योहार, जनता को दिखाते लाली पाप, फिर [...]

हास्य-कविता:- हास्य भी ..सीख भी

Mahender Singh
हे प्रभु ! उन्हें बहुत सारे पटाखे दे देना, जिन्होंने हमसे [...]

कालेज का प्यार

Raj Vig
कालेज के दिनो का प्यार आज पहलू मे आ बैठा था दिल मे बरसो से [...]

वैध गुरु सी चाकरी —

drpraveen srivastava
वैध गुरु सी चाकरी ---- चंद दोहे कोर्ट कहे तो क्या कहे , वादी [...]

प्यार का दीपक जलाना चाहता हूं

Anish Shah
साज ए दिल अपना सजाना चाहता हूं। गीत कोई गुनगुनाना चाहता [...]

राजनीति में संत हो गए

अशोक सोनी
ईश्वर,अल्लाह,ईसा,नानक एक ही हैंं जब सारे तो जन-मन को ठगने की [...]

कविता… दोस्ती

Radhey shyam Pritam
दोस्त तेरी क़सम है,कृष्ण-सुदामा से न यह कम है। बिन कहे दर्द [...]

“अर्चना’ यूँ दिवाली मनायें चलो

Dr Archana Gupta
अपनी माटी के दीपक जलायें चलो तेल बाती जला तम भगायें चलो हम [...]

धनतेरस

Neelam Sharma
धनतेरस है आ रहा ,छाया उर उल्लास, रिद्धि सिद्धि पावेंसभी,होवे [...]

पलस्तर छूटने लगता है

Yatish kumar
दरारें खुलने लगती है नज़ारा दिखने लगता है लगा दो इश्तहार [...]