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सरल सुगम हिंदी व्याकरण (जानने योग्य बातें – ई और यी, ए और ये ,एँ और यें)

Neeru Mohan
करते है हिंदी लिखने में अकसर ये गलती क्योंकि नहीं है ज्ञान [...]

ख़ुदा भी आसमां से ………..

भूरचन्द जयपाल
किस्मत भी कितनी अजीब है कोई घरवाली पाकर रो रहा है तो कोई [...]

निकलता है

Neelam Sharma
सुन, हृदय हुआ जाता है मृत्यु शैय्या, नित स्वप्न का दम निकलता [...]

कविता

Neelam Sharma
सनम ग़म बहुत हैं दर्द-ए-दिल में रहती है सुनो टीस बहुत, है आह [...]

कह मुकरियां

Sandhya Chaturvedi
विधा-कह मुकरियां "रात भयी आके सताये। भोर भयी वो चला [...]

तांका

Maneelal Patel मनीभाई
मनीभाई की तांका ●●●●●●●●●● नाचते देखा देव विसर्जन [...]

नारी : मातृभूमि

निहारिका सिंह
सुकुमार कुमुदिनी , लिए कृपाण , नयनों में लिए बदले के बाण । पति [...]

दो बहनो का मिलन – वार्ता – (हिंदी-अंग्रेजी)

डी. के. निवातिया
दो बहनो का मिलन – वार्ता – (हिंदी अंग्रेजी) ! दरवाजे पर [...]

“चौका”…भ्रमजाल…

CM Sharma
II जापानी विधा "चौका" II मन का भ्रम संबंधों में दरार दंब [...]

अनमोल कथन

अरविन्द राजपूत
"समस्या और उसका समाधान हम स्वम् हैं, अपेक्षा निरर्थक है।" [...]

ले लो दुआएँ माँ-बाप की (वर्ण पिरामिड)

Ranjana Mathur
ओ मेरे लाडले तुझको दूं जी भर कर अपनी दुआएं जुग-जुग जिए तू ! [...]

यही है दुनिया

Ranjana Mathur
कविता - - -( वर्ण पिरामिड) रे भोले मनवा दुनिया [...]

त्रिवेणी…

CM Sharma
(१) रुको, देखो, चलो... जीवन तुम्हारा है.. अपनों को बेसहारा न [...]

“एक ऐसा सच जिसका आधार ही महाझूठ”

Mahender Singh
एक ऐसा सच जिसका आधार ही महाझूठ 1. कब हुआ फैसला दो लड़ने वालों [...]

लाल बिहारी लाल सहित कई साहित्य अनुरागी सम्मानित

लाल लाल
लाल बिहारी लाल सहित कई साहित्य अनुरागी सम्मानित *सोनू [...]

🙏सद्गुरु वंदन🙏🙏🙏

तेजवीर सिंह
🙏 "चराचर जगत के गुरु तत्व को समर्पित" 🙏 🌹🌻 श्रीसद्गुरु वंदन [...]

#श्रीगुरुदेव वंदन🙏🙏🙏

तेजवीर सिंह
🙏 "श्रीगुरुदेव वंदन" 🙏 ✏ रूपमाला/मदन छंद ✏विधान [...]

कह-मुकरियां (अमीर खुसरो द्वारा बनाई गई कविता की एक विधा)

Ranjana Mathur
कह-मुकरियां सुन्दरता ऐसी न हटती निगाहें छोडे न कलाई सजाए वो [...]

“एक कदम भगवता की ओर”

Mahender Singh
लोग वर्षों से एक ही सवाल पूछते आ रहे है .... कि आपकी बिरादरी [...]

*** इतनी फुर्सत कहां ***

भूरचन्द जयपाल
इतनी फुर्सत कहां मिलती है हमको जो तेरा सूरत-ए-हाल लिखें [...]

एकांकी नाटक – सफलता ( शिक्षक )

Raju Gajbhiye
एकांकी नाटक - सफलता ( शिक्षक ) ( दो - छात्र आपस में बातचीत कर रहे [...]

कुछ की चाहत

Mahender Singh
सीमित की चाह में ..सीमित ही रह गए, वरन् सब चाहने वाले ..अपने ही [...]

राधास्तुति

अंकित शर्मा 'इषुप्रिय'
*श्री राधास्तुति* श्री राधिके वृषभानुजा घनश्याम चित्त [...]

“वो पगली”

ज़ैद बलियावी
चेहरे पर खामोशी सी, दिल मे उठता है तुफान है., बस वो पगली मेरे [...]

ज्ञान पर है ..प्रबल जाति

Mahender Singh
कोई कह ना दे कुछ यूँ ही आदतें देखकर कुछ करने का जिम्मा उठा [...]

अनुप्रास अलंकार

Neelam Sharma
सादर प्रेषित हर पल घटता झीना झरना सम, जीवन जल है। शनै:शनै: [...]

*हम संसार चाहते हैं वो संसार से पार लगाना*

भूरचन्द जयपाल
कब बिगड़ी है दुनियां उसकी जिसने इंसान से बना के रखी लोग केवल [...]

ब्रज की रज

guru saxena
सवैया (ब्रज की रज) ब्रज के वन बाग तड़ाग हैं धन्य जहाँ जन्मे [...]

रानी अवंती बाई

guru saxena
रानी अवंतीबाई को श्रद्धांजलि दुर्गा जैसी उतरी रण में रखा [...]

मनोबल बढ़ाया-सफलता मिली,

Mahender Singh
चलकर देखा है, मैने अपनी चाल से भी तेज.....! फिर भी वक़्त और तकदीर [...]