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जीवन-परिचय:राधेयश्याम बंगालिया

Radhey shyam Pritam
नाम :राधेयश्याम बंगालिया "प्रीतम"। पिता का नाम:श्री रामकुमार [...]

हास्य व्यंग्य

MridulC Srivastava
राहुल बाबा😜 मुझे बोलने नहीं दिया जा रहा है,मैं बोलूंगा तो [...]

दहलीज से दहलीज तक

हेमा तिवारी भट्ट
दहलीज से दहलीज तक (हर औरत को समर्पित) 🌻🌹🌻🌹🌻🌹 इस दहलीज से [...]

दुर्मिल सवैया

मधुसूदन गौतम
दुर्मिल सवैया 8 सगण कलम घिसाई दुर्मिल छंद 4 सगण प्रत्येक [...]

यत्र नार्यास्तु पूज्यन्ते

हेमा तिवारी भट्ट
मुझे गर्व है भारत की संस्कृति पर 'यत्र नार्यास्तु पूज्यन्ते' [...]

त्रिवेणी 1

Rakhi Vashisht
ख्वाब देखा था मैने खुश रहने का चंद मुस्कुराते फूल देखे तो [...]

तुम ही हो

Govind Kurmi
मेरी तन्हाइयों का राज तुम हो । मेरा कल तुम हो मेरा आज तुम [...]

बस यूँ ही

अतुल कुमार राय
तुम रात चाँद की चाँदनी हो,मैं सुबह से पहले भोर प्रिये! मीठी [...]

विद्यालयों में आग क्यों…

Anil Shoor
आदरणीय प्रबुद्धजन, आत्मीय नमस्कार! इधर..कश्मीर को लेकर, एक [...]

राष्ट्रहित सर्वोपरि!

Anil Shoor
एक कर्मचारी कुछ गलत करे तो विभागीय कार्यवाही..निर्वाचित [...]

आदर्श शिक्षा-व्यवस्था का त्रिस्तरीय प्रारूप

Anil Shoor
रोजगार सुनिश्चित करने में असमर्थता के चलते शिक्षा के प्रति [...]

ऐ वक़्त फिर लौट आओ तुम…

kapil Jain
हो जाओ खुद मुझ जैसा, या अपना सा बनाओ तुम। मिटाओ अधूरी [...]

सच

MridulC Srivastava
अंधे को बंदूख दें कर,सीमा पर शत्रु से मुकाबले के लिए भेजना [...]

एक बार बता तो आखिर बात क्या है ?

kapil Jain
एक बार बता तो आखिर बात क्या है ? खफा होना तो हक़ है तेरा, मगर ये [...]

सब सपना रहा

AMARESH MISHRA
सब कुछ सपना रहा ,न इस दुनिया मे कोई अपना रहा, जा रहा हूँ छोड़कर [...]

षडपदी

avadhoot rathore
बढ़ती जाय घड़ी की सुइयाँ, पल छिन घटत उमरिया हाय। तौ भी ऐश की [...]

खामोश क्यूँ है तू,कुछ तो जवाब दे…

kapil Jain
मुद्दतों के इंतज़ार का,मुझे कुछ तो खिताब दे. खामोश क्यूँ है [...]

जुल्म_ए_भक्ति

MridulC Srivastava
अधिकार,संघर्ष,तो इतिहास रहा है, किसी ने समर्थम किया है,तो कोई [...]

दोधक छंद

Bhaurao Mahant
211 211 211 22 साजन-साजन रोज पुकारूँ आँगन-आँगन द्वार निहारूँ। [...]

चौपाई

Bhaurao Mahant
जीवन अपना फूलों-सा है जीना लेकिन शूलों-सा है। जो भी शूलों पर [...]

लिखदूं कुछ अलफ़ाज़ में यूँ जो पढे तू मेरी हो जाए ।

kapil Jain
लिखदूं कुछ अलफ़ाज़ में यूँ जो पढे तू मेरी हो जाए । तनहा [...]

चतुष्पदी

Ravi Sharma
बालों ने तेरे गालों को छुआ । काजल ने तेरी पलकों को छुआ । ये [...]

जरुरी नही हर बात कहें,कुछ दर्द छुपे ही रहने दो…

kapil Jain
जरुरी नही हर बात कहें कुछ दर्द छुपे ही रहने दो लबो को न दो [...]

कौन यहाँ दूध का धुला है बता दो ।

kapil Jain
ताउमर गर साथ चलो रास्ते मुश्किलात भरे करो आज ही फैसला और [...]

दुर्मिल सवैया :– चित चोर बड़ा बृजभान सखी – भाग -3

Anuj Tiwari
दुर्मिल सवैया :-- चितचोर बड़ा घनश्याम सखी - भाग-3 मात्राभार :-- 112 [...]

सुविचार

सुनील पुष्करणा
1 बड़ी मंज़िलों के मुसाफ़िर छोटा दिल नहीं रखते...! 2 मैं धर्म में [...]

कवि रामकिशोर वर्मा जी!

Jitendra Anand
कवि रामकिशोर वर्मा जी! सप्रेम नमस्कार । क्या आप साहित्य [...]

युंही….

Ankita Kulshreshtha
आँखोँ की झील मेँ डूबे सपने मेरे , बरस जाते हैँ ,तकिये के [...]

आशियाना है वहां

Sonika Mishra
ना जाने वो कहां इस गली इस शहर को छोड़कर वो अब रहता [...]

अहम की पोटली

preeti tiwari
सुनो अहम की जो पोटली है तुम्हारे पास फिरते हो जिसे लिये दिन [...]