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मुक्तक

विष

Rajeev 'Prakhar'
राधा रानी कब तारेंगी, फिर वृक्षों की छांवों को [...]

मुक्तक

Dr Purnima Rai
मुक्तक निर्धन को सहयोग दें,मिटे मान-अभिमान। झोली भर लो [...]

राहें माँ देख रही होगी

ashok ashq
चाहत में थोड़े पैसे की गाँव मैं छोड़ आया हूँ मिट्टी की सौंधी [...]

मोदी जी

Lokendra Mudgal
अमेरिका की संसद के श्रेष्ठतम सम्बोधन के लिए मेरे देश की शान [...]

पायल की रुनझुन से मुझे जगाती है ।

Kavi DrPatel
^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^ बेचैनी जब हद से उसे सताती है । अँगड़ाई ले [...]

पेड़ों का परिवार

Dr Archana Gupta
खूब बढ़ाना है हमें ,पेड़ों का परिवार इनसे ही खुशहाल है, ये सारा [...]

*मानसून*

Dharmender Arora Musafir
आसमान में बादल छाए वसुधा मनहर राग सुनाए है झूम रहा खुशियों [...]

*आपा-धापी*

Dharmender Arora Musafir
दौलत की आपा-धापी में ईश्वर तो है भूल गया चहुंओर है झूठ का राज [...]

भारत की माता

Vinay Bali Singh
तरलता भी रहे मन में, जिगर फौलाद हो जाये । बने गाँधी मगर कुछ तो, [...]

न हो बेनूर ये कोहनूर बस इतनी कृपा करना

Kavi DrPatel
^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^ अधर हैं सूर्य सम तपते , सजन बन मेघ आओ तुम [...]

*जीवन*

Dharmender Arora Musafir
उमंगों का त्यौहार है जीवन मधुरिम सा इक प्यार है जीवन जी भर [...]

*बेटी की विदाई*

Dharmender Arora Musafir
बसंती ओढ़ कर चूनर सजी ससुराल जाती है कली बन फूल गुलशन को [...]

*विधाता छंद*मापनी-1222 1222 1222 1222

Dharmender Arora Musafir
ऐ सुमन मुरझा नहीँ तू मुस्कुराना सीख ले मन चमन घबरा नहीँ तू [...]

*प्रेम रतन*

Dharmender Arora Musafir
जग में कायम शान रखिए खुद से भी पहचान रखिए प्रेम रतन को बाँट - [...]

हरदम खेल दिखाये

Dr Archana Gupta
नए ज़िन्दगी देखो हमको हरदम खेल दिखाये अगर हँसाती हमें कभी तो [...]

मुक्तक

Rashmi Shrivastav
बने बैठे थे पत्थर से , कभी जो खार मंज़र से , दिवाने बन के निकले [...]

जोड़ना

Alok Mittal
जोड़ना ही जोड़ना हमको घटाना ही नहीं। दुश्मन अपने तो कभी कही [...]

छल फरेब

Alok Mittal
टूटता साथ अब बनाना है ! दूरियाँ आज सब मिटाना है ! हो न अब छल [...]

जुगनुओं के खेत में

हरीश लोहुमी
जुगनुओं के खेत में (मुक्तक) **************************************** साँझ होते देख [...]

*कलम से सिर कलम कर दो*

Dharmender Arora Musafir
जुबां से तुम वफा कर लो सुनो दिल के तरानों को भुला कर वैर तुम [...]

*विश्वास*

Dharmender Arora Musafir
जब विश्वास अटल होता उजला हर इक पल होता हर मुश्किल बनती [...]

*रहमत*

Dharmender Arora Musafir
सहरा भी गुलज़ार हैं होते दरिया ग़म के पार हैं होते खुदा की [...]

*प्रेरक*

Dharmender Arora Musafir
हर ग़म में जो मुस्काते हैं खुशियों के नगमे गाते हैं तोड़े मन [...]

माँ तुम ही हो

Dr Archana Gupta
खड़ा हूँ मैं बुलंदी पर, मगर आधार तुम ही हो सुनो माँ मेरे जीवन [...]

जलाता सूर्य है हमको

Dr Archana Gupta
जलाता सूर्य है हमको जरा घिर मेघ आओ तुम बहुत प्यासी धरा अपनी , [...]

*मन मयूर*

Dharmender Arora Musafir
खुशियों का मौसम आया है सुखों का आलम छाया है मन मयूर ने चहक [...]

*विरह वेदना*

Dharmender Arora Musafir
नयन मेरे निहारें पथ सुहाने गीत गाओ तुम खिलें फिर फूल गुलशन [...]

*दोस्ती*

Dharmender Arora Musafir
दोस्ती का रिश्ता कभी पुराना नहीँ होता ख़त्म कभी भी ये [...]

*प्रेरक*

Dharmender Arora Musafir
मायूस होके न यूँ साँझ की तरह ढलते रहिये भोर है ज़िंदगी सूरज की [...]

अनगिनत चाहत

Dr Archana Gupta
हमारे दिल में रहती हैं , हमेशा अनगिनत चाहत न लेने चैन देती ये [...]