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कहानी

कहानी – मिट्टी के मन

धर्मेन्द्र राजमंगल
बहती नदी को रोकना मुश्किल काम होता है. बहती हवा को रोकना और भी [...]

संस्मरण-“प्यारा डोलू”

पियुष राज
"प्यारा डोलू" जब से मैंने होश संभाला है,तब से मैं अपने घर में [...]

कुछ फैसले दिल के

manisha joban desai
"इतना सुहाना मौसम और ये पहाड़ के बीच घिरा हुआ काटेज काश,तुम [...]

अब क्या कहें?

manisha joban desai
"जितवन .....क्या कर रहे हो बाहर ? देखो ये कोन आया है ?" माँ की आवाज़ [...]

खोये हैं हम

प्रतीक सिंह बापना
कैसी ये बात है कि खोये हैं दोनों ही हम तुम मेरे लफ़्ज़ों में [...]

गुस्सा

Neelam Sharma
क्रोध गुस्सा नाराज़गी नहीं ये है तेरी सज़ा की [...]

मानव और विज्ञान

Neelam Sharma
लघुकथा- मानव और विज्ञान दादा जी बहुत बेसब्री से गर्मी की [...]

सच्चा सुख ।

Neelam Sharma
सच्चा सुख......?? "मालिनी आजकल बहुत परेशान रहती है और उसका [...]

किताबी ग्यान के साथ -साथ नैतिक और व्यवहारिक ग्यान भी जरूरी है

रागिनी गर्ग
📖 किताबी ग्यान के साथ साथ नैतिक और व्यवहारिक ग्यान भी ज़रूरी [...]

धर्मगुरु.. .

शालिनी साहू
धर्मगुरू.......(कहानी) दिन भर की चिलचिलाती धूप के बाद शाम की [...]

!! प्रेम की दूरी !!

Priyanka Sharma
सुरेन्द्र चले गये हमें छोड़कर ! देह से नहीं संभवतः आत्मा से [...]

चलो आज कही चलते है

pratik jangid
चलो आज कही चलते है । कुछ मेरी कुछ तुम्हरी सुनते है सुनाते है [...]

चैटिंग

डॉ संगीता गांधी
चैटिंग --------- तेजी से भागती दौडती ज़िन्दगी में आज सबसे बड़ी जो [...]

कहानी

कवि रमेशराज
अजगर +रमेशराज --------------------------------------------------- आप जि़द कर रहे हैं तो सुना [...]

कहानी

कवि रमेशराज
वक़्त एक चाबुक है +रमेशराज ------------------------------------------- पारबती है ही कुछ [...]

ये अनोखे रिश्ते

pratik jangid
ये हीचकिया भी ना न जाने किसकी यादो की दस्तक आज सुबह सुबह ही दे [...]

कुंठित शिक्षा !

Satyendra kumar Upadhyay
मेरी बात मनिएगा जी ! वह कुछ सकुचाया ही था कि तभी वह पुनः बोल [...]

बहते काजल !

Satyendra kumar Upadhyay
वह तो बस हुचुर-हुचुर ! रोये जा रही और ऑसूं थे जो सुन्दर-2 ऑखों [...]

एक कहानी

pratik jangid
आज बरसो बाद अपने शहर अपने गाँव जाने की खुशी ओर माँ से मिलने की [...]

बेनाम रिश्ता भाग =2

जयति जैन
पाठकों की पसंद पर इस कहानी का दूसरा भाग लिखा है मैने, कुछ [...]

(ीकहानी ) बदलते परिदृश्य

Geetesh Dubey
दृश्यावली ******** 1> शरद की बाइक स्टार्ट नही हो पा रही थी, ऒर [...]

राजा बेटा ( कहानी )

Geetesh Dubey
राजा बेटा ********* आज शायद पहली बार शर्मा जी व उनकी धर्मपत्नी [...]

सतरंगी चुनरी

जयति जैन
बडे दिनों के बाद आज मालू पागल हुए जा रहा था, समझ ही नहीं आ रहा [...]

{{{{{ कवि }}}}}

दिनेश एल०
[[[[ कवि ]]]] ###_दिनेश_एल०_जैहिंद सोई आत्माअों को जो झंकृत कर दे [...]

संयोग

रजनी मलिक
"मम्मा !मै कुछ नहीं जानती ,आज हमारे ओल्ड ऐज होम को पूरा एक साल [...]

खुली बटनें !

Satyendra kumar Upadhyay
पिताजी आपकी बटन खुली है ! बंद कर लीजिए ना ! तभी कड़कदार आवाज [...]

बीती बातें

Naval Pal Parbhakar
बीती बातें बहुत दिनों के बाद आज गांव की याद आने लगी हैं। काम [...]

नमन माता पिता को

सगीता शर्मा
नमन माता पिता को. 💐🙏🏼💐🙏🏼💐🙏🏼💐 नमन जो हम करे उनको तो जीवन [...]

एक श्वान की व्यथा

महावीर उत्तरांचली
मोती यानी "मैं" और जैकी नरकीय 'पिताजी'! (क्योंकि हमारे कर्म ऐसे [...]