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Author: Rita Yadav

Rita Yadav
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विधाएं

गीतगज़ल/गीतिकाकवितामुक्तककुण्डलियाकहानीलघु कथालेखदोहेशेरकव्वालीतेवरीहाइकुअन्य

हिंदी

1. हिंदी -बिंदी हिंद की, सजी हिंद के भाल l ओढ़ बैठ रहती मगर, [...]

ठगें सभी रिश्ते उसे

ठगें सभी रिश्ते उसे, ठगे उसे परिवार l आज अकेले रो पड़ी, होकर वो [...]

गर्व नहीं करना

गर्व नहीं करना कभी, धन पर ऐ इंसान l कर जाता पल में प्रलय , [...]

झूठ बिके झटपट 🌹

पथ पर चलना सत्य के, कभी नहीं आसान l झूठ बिके झटपट यहां, सच की [...]

शिव परिवार

बाधा डाले भक्ति में ,जो कोई इंसान l नष्ट उसे भी एक दिन, कर देते [...]

ईट का जवाब पत्थर

पाक का नापाक इरादा ,, लॉघता हमेशा मर्यादा े इनके साथ बात [...]

शिव शंकर भोले

गंगाधर, विषहर ,शिव, शंकर ,भोले बम बम बम बम हर हर बम भोले संग [...]

कशमकश में जिंदगी

कशमकश में बढ़ रही है जिंदगी आगे हर पल कभी अनुभूति प्रेम की [...]

नारी का अपमान

कब तक यूं होता रहेगा नारी का अपमान कहता है जिसको लक्ष्मी [...]

तू क्या है?

तू क्या है? ए तू ही जाने ,, तेरा मन दर्पण ही जाने ,, दूजे के भला [...]

उर्मिला

पलकन अश्रुवन, धीमी गति धड़कन, विरह व्यथा सहन कर तड़पन, [...]

उनका फोन

बड़े दिनों बाद उन्हें मेरा ख्याल आया पूछने को उनका फोन [...]

गुलिस्ता

गुल का गुलिस्ता से है ,.....रिश्ता ए पुराना अजीज कोई बन जाता, [...]

चाहत

चाहत न हो जब तक, यूं ही मुलाकात नहीं होती धड़कता दिल न जब तक, [...]

तन्हाई

कैसी तन्हाई बसी है इस भरी महफिल में लबों पर मुस्कान हैl [...]

अभिशाप कहे

अभिशाप कहे संताप कहे या इसको कोई पाप कहे जहां दो वक्त की [...]

बेटी की अभिलाषा

पढ़-लिखकर कुछ करना चाहूं भेदभाव का खंडहर ढाहूं खुले आसमां [...]

सजनी के संग

होली गीत सजनी के संग पी होली मानाय पकड़े कलाई चुनर सरक सरक [...]

“जीना मरना”

तुमने तो धकेल दिया मुझे इक गम की खाई में, जीना मरना हुआ [...]

रिश्ते

रिश्ते में जब प्रीत हो ,लगे तभी वो खास l प्रीत बिना रिश्ते सभी, [...]

“हमारा प्रेम”

हमारा प्रेम एक नहीं प्रेम है लाखों हजार रखते प्रेम को दिल [...]

उड़ो मत हवा में

उड़ते हुए कब किसी ने, सारी जिंदगी गुजारी है l उड़ती है पतंग [...]

वास्ता टूट गया

दीया जलाने लगे आजकल हम आंधी में आग बुझती ही नहीं जो लगी है [...]

कैसा लगा रोग

न जाने एक तबके को कैसा लगा रोग, हाथ पैर कटवा कर भीख मांगते [...]

प्रेम

दर्द निकाल दो हृदय तल से , क्या रखा है दर्द पीने में ? अंतर्मन [...]

समय समय की बात

समय समय की बात हैl सावन में हरियाली दिखे, पतझड़ में झड़ता पात [...]

अभिनेता आजकल का

अभिनेता आजकल का हर शख्स हो गयाl l खालिस दिलों का अब इस जहां में [...]

मेरी अंबे माता

मन का मैंने दीप जलाया , श्वास श्वास विश्वास है l आएगी मेरी [...]

दिल की बात

दिल की बात जुबां पर आ कर क्यों रह गई ? कह सकी नहीं जुबांअदाएं [...]

नीव जीत की हार

दोहे------- घबराना मत हार से , नीव जीत की हार l बिना दही मंथन किए [...]