साहित्यपीडिया पर अपनी रचनाएं प्रकाशित करने के लिए यहाँ रजिस्टर करें- Register
अगर रजिस्टर कर चुके हैं तो यहाँ लोगिन करें- Login

Author: भूरचन्द जयपाल

भूरचन्द जयपाल
Posts 384
Total Views 9,762
मैं भूरचन्द जयपाल सेवानिवृत - प्रधानाचार्य राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, कानासर जिला -बीकानेर (राजस्थान) अपने उपनाम - मधुप बैरागी के नाम से विभिन्न विधाओं में स्वरुचि अनुसार लेखन करता हूं, जैसे - गीत,कविता ,ग़ज़ल,मुक्तक ,भजन,आलेख,स्वच्छन्द या छंदमुक्त रचना आदि में विशेष रूचि, हिंदी, राजस्थानी एवं उर्दू मिश्रित हिन्दी तथा अन्य भाषा के शब्द संयोग से सृजित हिंदी रचनाएं 9928752150

विधाएं

गीतगज़ल/गीतिकाकवितामुक्तककुण्डलियाकहानीलघु कथालेखदोहेशेरकव्वालीतेवरीहाइकुअन्य

लेख (4 Posts)


*** हमारे कर्मों का साक्षी : शरीर ***

5.8.17 *** प्रातः *** 5.5 हमारे अच्छे और बुरे कर्मों का साक्षी शरीर ही [...]

*** दलित बनाम सवर्ण राजनीति ***

आज दलित राजनीति महज़ दलितों के साथ राजनीति हो गयी है । जिस [...]

* वन्दे मातरम् –मेरा नजरिया *

मैं सर्वप्रथम मातृभूमि,कर्मभूमि,जन्मभूमि की मानस पूजा करता [...]

किशोर/किशोरियों में एच आई वी /एड्स के प्रति जागरूकता-एक अध्ययन

प्रस्तावना कबीरदास ने कहा है - कबीरा सोई पीर है,जो जाने पर [...]