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Author: बसंत कुमार शर्मा

बसंत कुमार शर्मा
Posts 60
Total Views 775
भारतीय रेल यातायात सेवा (IRTS) में , जबलपुर, पश्चिम मध्य रेल पर उप मुख्य परिचालन प्रबंधक के पद पर कार्यरत, गीत, गजल/गीतिका, दोहे, लघुकथा एवं व्यंग्य लेखन

विधाएं

गीतगज़ल/गीतिकाकवितामुक्तककुण्डलियाकहानीलघु कथालेखदोहेशेरकव्वालीतेवरीहाइकुअन्य

साहब जी हैं व्यस्त

इतना भी क्या दे रहे, इन मूंछों पर ताव थोड़ा सा तो दीजिये, प्रेम [...]

निश्छल चंचल प्यारा मन

मंच के समक्ष सादर प्रस्तुत बसंत कुमार शर्मा, जबलपुर बचपन [...]

हिय से मत दूर मुझे करना

आज करूं तुमसे विनती हिय से मत दूर मुझे करना सोंप दिया तन सोंप [...]

जब वफ़ा पर सवाल होता है

जब वफ़ा पर सवाल होता है तब बुरा दिल का’ हाल होता है जब तलक हम [...]

गम तो बांटो जरा किसी के

नीर भरी हैं उसकी अँखियाँ बीत रहीं हैं चुप-चुप रतियाँ साजन [...]

है समाज का दर्पन कविता

जीने का अवलंबन कविता मेरे दिल की धड़कन कविता कसी हुई है गति [...]

चर्चा करें मीडिया वीर

हो जाये जनता चुनाव में, थोड़ा सा भी यदि गंभीर सही लोग आयेंगे [...]

दिल से जरा गुजरना साहब

कष्टों से क्या डरना साहब रोज रोज क्या मरना साहब लगे हुए हम [...]

तो किस्मत हार जाती है

लगन से की गई मेहनत, नहीं बेकार जाती है अगर दम कोशिशों में [...]

गया मुलायम राज

टोली बबुआ की गई, गया मुलायम राज योगी जी अब हो गए, यू पी के [...]

हर साँझ सुरमई है

हर भोर है सुहानी, हर साँझ सुरमयी है जब से मिले हैं तुमसे, [...]

जिन्दगीं में और आफत अब न हो

हो चुकी जो भी सियासत अब न हो मुल्क से मेरे बगावत अब न हो [...]

शूल होते हैं’ फूल होते हैं

शूल होते हैं’ फूल होते हैं प्यार में सब कबूल होते हैं हर [...]

मेरे प्यार की खुशबू

हमारी कोशिशें कम हों तो’ किस्मत हार जाती है कहीं चप्पू बिना [...]

नाम मेरा गुलफाम नहीं है

नाम मेरा गुलफाम नहीं है लेकिन वह गुमनाम नहीं है खेत और [...]

विश्व में माँ भारती अप्रतिम धरा

फूल टेसू के खिले हैं हो रही अरुणिम धरा सज रहे हैं रंग होली के, [...]

पहली बार

पहली बार © बसंत कुमार शर्मा, जबलपुर * सेठ रामलाल बड़ा सा बैग [...]

अगर हृदय में प्यार न होता

सुखमय ये संसार न होता अगर हृदय में प्यार न होता काँटों से [...]

जटाधारी शिव जी

बड़े भोले'-भाले, जटाधारी’ शिव जी पियें विष के' प्याले, [...]

आँसू

पीर तेरी और मेरी सह गए अनमोल आँसू आँख में बस कैद होकर रह गए [...]

हर एक समस्या हल होगी

आज न हो पाई,कल होगी हर एक समस्या हल होगी नम होंगे जब तेरे [...]

मगर हार मैंने भी मानी नहीं है

नहीं आज बचपन जवानी नहीं है मगर खत्म अपनी कहानी नहीं है मुझे [...]

ख्वाब

नहीं आज बचपन जवानी नहीं है मगर खत्म अपनी कहानी नहीं है भरा [...]

थोड़ी दुनियादारी रख

भले सभी से यारी रख थोड़ी दुनियादारी रख जो भी कह, बस मुँह पर [...]

हाथ मुठ्ठी भर चना है

रात दिन चिंता में डूबा, पास जिसके घी घना है घास पर मैं मस्त [...]

ऋतु बसंत की जब है आती

ऋतु बसंत की जब है आती कली कली दिल की खिल जाती फूल खिले हैं [...]

वंदना माँ शारदा की

तुम ज्ञान का भंडार माँ, वरदान ऐसा दो हमें हर पल चलें सद् [...]

मुस्कुराना सीख लो

रिश्ते बनाना सीख लो, रिश्ते निभाना सीख लो खुशियाँ अगर हो [...]

बेटियाँ

देश क्या परदेश में भी, छा रहीं हैं बेटियाँ हर ख़ुशी को आज घर [...]

हमारे दिल में भारत हो

न शिकवा हो शिकायत हो मुहब्बत ही मुहब्बत हो रहे महफूज हर [...]