हिन्दुस्तान है

guru saxena

रचनाकार- guru saxena

विधा- घनाक्षरी

हिंदुस्तान है
(घनाक्षरी छंद)

गुरूजी ने कहा एक शब्द के अनेक अर्थ
होते बेटा शब्दों की पूरण करो छान है
सत्य, प्रेम, सदभाव, क्षमा, दया, तप, त्याग,
सुंदर सुखद विश्व हित स्वाभिमान है
इन सभी शब्दों को बताओ एक शब्द में ही
आज तक मुझसे जो सीखा शब्दज्ञान है
शिष्य बोला सबको बताने वाला एक शब्द
मेरी जानकारी में गुरुजी हिंदुस्तान है

गुरू सक्सेना नरसिंहपुर (मध्यप्रदेश )

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