सुबह हुआ भौरों ने यह बात बतायी

Vindhya Prakash Mishra

रचनाकार- Vindhya Prakash Mishra

विधा- कविता

हुआ सबेरा प्राची है मुस्काई
नजर मिली फूलो से उसकी
मन मे तब है रति आयी
हुई प्रीति सूरज कलियो से
भौरे ने आकर बात बताई
नजर पडी चिडियो की जब तो
देखा प्रेम मगन दोनो को
घूम घूम कर गीत सुनाई
पता चला जब शीत पवन को
बहने लगी सुंदर पुरवाई।
प्रेम मगन हो उठा सूर्य है
दिखने लगी उसकी तरुणाई
कर से स्पर्श करे कलियो को
कोयल को यह बात सुहाई।
मगन मुदित है कोकिल देखो
सुन्दर गीत रही सुनाई
बात चली जब दोनो के प्रेम की
भौरों ने सबको दिये बताई।

Sponsored
Views 16
इस पेज का लिंक-
Recommended
Author
Vindhya Prakash Mishra
Posts 92
Total Views 2.6k
Vindhya Prakash Mishra Teacher at Saryu indra mahavidyalaya Sangramgarh pratapgarh up Mo 9198989831

इस पर अपनी प्रतिक्रिया देंं


हिंदी साहित्यपीडिया का फेसबुक ग्रुप ज्वाइन करें और जुड़ें दुनिया भर के साहित्यकारों एवं पाठकों से- facebook.com/groups/hindi.sahityapedia