शायरी

अजीत कुमार तलवार

रचनाकार- अजीत कुमार तलवार "करूणाकर"

विधा- शेर

बलात्कार करते हो, देश में,
मौज कर रहे हो , विदेश में,
क़त्ल कर देते हो, जेल में,
कैसे कैसे लोग हैं, मेरे देश में….

रिश्ता अगर दिल का है, तो चलेगा
अगर हवस का है, चलेगा तो पल भर
यह तुम को देखना है, की कितना चलना है
और कब थम जाना है, अगले पल…

अजीत

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अजीत कुमार तलवार
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शिक्षा : एम्.ए (राजनीति शास्त्र), दवा कंपनी में एकाउंट्स मेनेजर, पूर्वज : अमृतसर से है, और वर्तमान में मेरठ से हूँ, कविता, शायरी, गायन, चित्रकारी की रूचि है , EMAIL : talwarajit3@gmail.com, talwarajeet19620302@gmail.com. Whatsapp and Contact Number ::: 7599235906

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