वंदे मातरम

Sajoo Chaturvedi

रचनाकार- Sajoo Chaturvedi

विधा- कविता

माँ युद्धभूभि में घूमती।
राक्षसों सें कभी नहीं डरती ।
गरजतेहुये सिंहों से कभी डरो नहीं,
वीरों शक्ति से सामना करो।।.

कभी कायरता अपनाओं नही।
बढ़ो दुश्मनो का सामना करो।
देशको तुझपे नाजहैै सदा.,
यही वीरों की पहचानसदा।।

वंदेमारयका नारा लगाते चलो।
माँभारती का गुणगानगाते चलो।।
कदमों से कदम सदा बढ़ाते चलो।
शेरनी जैसे सदा हुंकारते चलो।।

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