राम से

विजय कुमार नामदेव

रचनाकार- विजय कुमार नामदेव

विधा- गज़ल/गीतिका

ेशर्म की कलम से

हर चमन और हर कली के नाम से,
हैं आज कल कुछ रोज से बदनाम से

प्यार क्या कैसी वफ़ा क्या हसरतें,
चीज सब मिलती हैं अब तो दाम से

दुनियादारी से नहीँ कुछ वास्ता,
काम रखते हैँ बस अपने काम से

जबसे बाबाओं ने बदले हैँ करम,
दूर आशा हो गई है राम से

बेहया वो बेअदब और बेसबब,
हम तो केवल 'बेशर्म' हैं नाम से

विजय बेशर्म गाडरवारा 9424750038

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विजय कुमार नामदेव
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सम्प्रति-अध्यापक शासकीय हाई स्कूल खैरुआ प्रकाशित कृतियां- गधा परेशान है, तृप्ति के तिनके, ख्वाब शशि के, मेरी तुम संपर्क- प्रतिभा कॉलोनी गाडरवारा मप्र चलित वार्ता- 09424750038

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