मोहब्बत की पहचान

Dr ShivAditya Sharma

रचनाकार- Dr ShivAditya Sharma

विधा- कविता

मोहब्बत ना किसी से कहकर होती है
जज्बातों के समन्दर में ये बैहकर होती है

तबाह हो जाती हैं कितनी शख्सियतें इसमें
ये तो मुश्किलें तमाम सहकर होती है

जो बेवफा थे वो तो चले गए जनाब
सच्चे रिश्तों की पहचान दूर रहकर होती है

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Dr ShivAditya Sharma
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Consultant Endodontist. Doctor by profession, Writer by choice. बाकी तो खुद भी अपने बारे में ज्यादा नहीं जानता, रोज़ जिन्दगी जैसी चोट करती है वैसा ही ढल जाता हूँ।

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2 comments
  1. बहुत खूब , शब्दों की जीवंत भावनाएं… सुन्दर चित्रांकन