मेरा देश महान है

कृष्णकांत गुर्जर

रचनाकार- कृष्णकांत गुर्जर

विधा- गज़ल/गीतिका

हिंदु हिंदुस्तान जहाँ मै,
मेरा   देश  महान  है…
खेती करता भूखा मरता,
मौत से लडता किसान है…१

बेरोजगारी के कारण भी,
दुखियारे  इंसान  है….
सीमा मरते है जिनको,
कहते वीर जवान है….२

देश की आजादी के लिये भी,
दी पुरखों ने जान है…..
हिंदु हिंदुस्तान हमारा,
मेरा देश महान है….३

देश पे राज चलाने वाले,
नेता भी धनवान है….
भूखा पेट सोने वाला,
तो मजदूर किसान है…..४

कालाधन रखने वाले तू,
दो दिन का मेहमान है
हिंदु हिंदुस्तान हमारा,
मेरा देश महान है……५

बात बात  का पंथगा,
लड़ता यहा जहान है….
व्यापारी की करे गुलामी,
यहाँ पर वीर किसान है… ६

हिंदु हिंदुस्तान हमारा,
मेरा देश महान है.
कृष्णकांत गुर्जर

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संप्रति - शिक्षक संचालक G.v.n.school dungriya G.v.n.school Detpone मुकाम-धनोरा487661 तह़- गाडरवारा जिला-नरसिहपुर (म.प्र.) मो.7805060303

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