मेडिकेटेड घनाक्षरी

साहेबलाल 'सरल'

रचनाकार- साहेबलाल 'सरल'

विधा- मुक्तक

पिओगे गिलास चार
पानी सुबह रोज यार
होगी सारी व्याधि आधी
बात मेरी मानना।

किलोमीटर चार हो
सुबह की बयार हो
लेके चलो चार साथी
बात मेरी मानना।

नियम बना लो भाई
रोज करो कविताई
मिले कवि की उपाधि
बात मेरी मानना।

एक पेज रोज लेख
लिखे तो तरक्की देख
पांच साल बाद वादी
बात मेरी मानना।।

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साहेबलाल 'सरल'
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संक्षेप परिचय *अभिव्यक्ति भावों की" कविता संग्रह का प्रकाशन सन 2011 *'रानी अवंती बाई की वीरगाथा' की आडियो का विभिन्न मंचो में प्रयोग। *'शौचालय बनवा लो' गीत की ऑडियो रिकार्डिंग बेहद चर्चित। *अनेको रचनाएं देश की नामचीन पत्र पत्रिकाओं में प्रकाशित। *छंद विधान के कवि के रूप में देश के विभिन्न अखिल भारतीय मंचो पर स्थान। *संपर्क नम्बर-8989800500, 7000432167

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