मुस्कुराते है चंद चेहरे….

Dinesh Sharma

रचनाकार- Dinesh Sharma

विधा- कविता

दुःख के तपिश में
फिर भी मुस्कुराते है चंद चेहरे
अपने दम पर,
बादशाह से कम नहीं इनकी हस्ती,
हर पल है इनकी मस्ती
जीना इसी का नाम है
खिलखिलाती सुबह
मस्त शाम है,
दुःख के तपिश में
फिर भी मुस्कुराते है चंद चेहरे
अपने दम पर….

^^^^दिनेश शर्मा^^^^

Views 32
Sponsored
Author
Dinesh Sharma
Posts 44
Total Views 1.8k
सब रस लेखनी*** जब मन चाहा कुछ लिख देते है, रह जाती है कमियाँ नजरअंदाज करना प्यारे दोस्तों। ऍम कॉम , व्यापार, निवास गंगा के चरणों मे हरिद्वार।।
इस पेज का लिंक-

इस पर अपनी प्रतिक्रिया देंं


Sponsored
Related Posts
हिंदी साहित्यपीडिया का फेसबुक ग्रुप ज्वाइन करें और जुड़ें दुनिया भर के साहित्यकारों एवं पाठकों से- facebook.com/groups/hindi.sahityapedia