मुश्किलों को नाकाम करना..

शालिनी साहू

रचनाकार- शालिनी साहू

विधा- गज़ल/गीतिका

हर पहलू पर काम करना
परेशानियों को हमेशा नाकाम करना
.
मिल जाये गर समन्दर में मोती
अपनी हसरतों को दिल से सलाम करना!
.
संघर्ष की दुनियाँ है परेशान मत होना
मुश्किलों को अपनी सरेआम न करना!
.
निर्भयता से कदम बढ़ाते रहना सदैव
हर किसी को ये खत-पैगाम करना!
.
चाहता हूँ "शालू"रुकूँ नहीं सफर में
सजदे की हर दुवा मेरेे नाम करना!
.
शालिनी साहू
ऊँचाहार, रायबरेली(उ0प्र0)

Sponsored
Views 1
इस पेज का लिंक-
Recommended
Author
शालिनी साहू
Posts 53
Total Views 499

इस पर अपनी प्रतिक्रिया देंं


हिंदी साहित्यपीडिया का फेसबुक ग्रुप ज्वाइन करें और जुड़ें दुनिया भर के साहित्यकारों एवं पाठकों से- facebook.com/groups/hindi.sahityapedia