महाराजा अग्रसेन जी

Dr Archana Gupta

रचनाकार- Dr Archana Gupta

विधा- कविता

अग्रसेन जयंती पर सभी को बधाई
एक कविता
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द्वापर युग के अंत में अग्रसेन जी का जन्म हुआ
राम राज्य के पदचिन्हों पर इनका हर एक कदम हुआ
यज्ञ में पशु बलि देखकर उनके प्रति उपजा था प्यार
पशु बलि का तभी उन्होंने किया था पूरा बहिष्कार
धर्म क्षत्रिय त्याग उन्होंने वैश्य धर्म को अपनाया था
लक्ष्मी माँ का पूजन करके अग्रोहा धाम बसवाया था
महाभारत के युद्ध में भी दिया पांडवों का ही साथ
विवाह उनका हुआ नागराज पुत्री माधवी के साथ
एक रूपए एक ईंट का दिया उन्होंने नारा था
समता का उद्देश्य छिपा बस इसमें सारा था
अठारह पुत्रों से अपने करवाये संकल्प थे
ऋषि मुनियों से इसके लिए करवाये भी यज्ञ थे
उनके ही आधार पर उन्होंने अठारह गोत्र बनाये
धन उपार्जन के लिए रास्ते भी नए नए बताये
न्यायप्रियता दयालुता उनमे थी देखो भरपूर
कर्मठता क्रियाशीलता का चेहरे पर दिखता था नूर
इतिहास में देखो लिया जाता है उनका नाम
हमेशा मान कर जग में उनको जैसे भगवान
गोत्र गर्ग गोयल गोइन बंसल कंसल सिंघल
मंदल धारण ऐरन तिंगल और जिंदल मंगल
नांदल भंदल मधुकुल कुच्छल मित्तल बिंदल हैं
इनसे मिलकर ही होते अग्रवाल समाज में मंगल हैं
अश्विन शुक्ल की प्रतिप्रदा को इनकी जयंती मनाते हैं
भव्य आयोजन करके सब पूजा पाठ करवाते हैं
आओ लेले ये संकल्प आज सभी ये मिलकर के
उनके ही आदर्शों पर हम सब दिखलायेंगें चलकर के

डॉ अर्चना गुप्ता
मुरादाबाद (उप्र)

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Dr Archana Gupta
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Co-Founder and President, Sahityapedia.com जन्मतिथि- 15 जून शिक्षा- एम एस सी (भौतिक शास्त्र), एम एड (गोल्ड मेडलिस्ट), पी एचडी संप्रति- प्रकाशित कृतियाँ- साझा संकलन गीतिकालोक, अधूरा मुक्तक(काव्य संकलन), विहग प्रीति के (साझा मुक्तक संग्रह), काव्योदय (ग़ज़ल संग्रह)प्रथम एवं द्वितीय प्रमुख पत्र पत्रिकाओं में रचनाएँ प्रकाशित।
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