भऊजी का मयका पाकिस्तान 😃

सदानन्द कुमार

रचनाकार- सदानन्द कुमार

विधा- कुण्डलिया

पहली बार भईया,, ससूराली टूर हो आए
किस्सा खोल हम को बतलाए
सून कर तो जल गई हमरी जान
भऊजी का मयका पाकिस्तान ,,,,,,,,,,,,,,,, !!!! 😠

ससुर जी, सहज विद्वान बड़े भारी
चाणक्य अनुज बन, ठोक दियो गाड़ी😃
जमाई जी कह कण्ठ लगाए
ब्रह्म मूहूर्त मे योगा बजवाए😕

व्यथित बड़ा मै, भ्राता व्यथा सून के
अबकी छोड़ डालू •• मै ऐसे बाण
भऊजी का मयका पाकिस्तान ,,,,,,,,,,,,,,, !!!! 😠

सासू तो घर चेयरपर्सन ठहरी
शांत मुख मन गजल बड़ी गहरी
बात उनके होते कोई बिगड़ ना पाए
दांतो तले ससुर से कोकोनट फोड़वाए

काटो सासू माँ,, ससुर के कान😃
भऊजी का मयका पाकिस्तान ,,,,,,,,,,,,,,,,, !!!!

भऊजी की बहने अति सुंदर नारी😍
गोरे गाल आँखे कजरारी 😍
" तम्मा तम्मा लोगे " ,, गीत वो गाए
लाईव फैशन शो घटित हो जाए

भऊजी की बहिन है,, हमरी जान❤
भऊजी का मयका पाकिस्तान ,,,,,,,,,,,,,,,, !!!!

भऊजी का भाई, चमत्कारी बालक👦
ललन धूमकेतू बन कर दिखलाए
गोटी फिट है, दुलार बहुत है
साला,, हमरी छप्पर फाड़ के आए😡
भोर भई – जो खग भी बोले
साला ,,
लोटा लेकर फगुवा गाए

फाड़ दू लंगोटी,, फोड़ दू लोटा 😈
अबकी छेड़ू जो मै ऐसी तान
भऊजी का मयका पाकिस्तान ,,,,,,,,,,!!!!

शेष लिखू तो भऊजी पुराण हो जाए
हँसी ठिठोली का,,
भऊजी नाता भाए😊
देवी मन की तुम परिकल्पना ठहरी
तुमरी आभा है कि
ईट भवन से घर हो जाए
छू लो गर आंचल से तुम तो
मृतप्राय जीवन, फिर से जग जाए

रहो " सदा " हमरे कुल की शान
हा हा हा 😀 भऊजी का मयका पाकिस्तान ,,,,,,,, !!!!

:- सदानन्द

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सदानन्द कुमार
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मै सदानन्द, समस्तीपुर बिहार से रूचिवश, संग्रहणीय साहित्य का दास हूँ यदि हल्का लगूं तो अनुज समझ कर क्षमा करे Whts app 9534730777

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