बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ

Neelam Ji

रचनाकार- Neelam Ji

विधा- कविता

**बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ**

पढ़ेगी बेटी आगे बढ़ेगी बेटी ।
बेटों से भी बढ़कर चमकेगी बेटी ।
जग में नाम रोशन करेगी बेटी ।
हर मुश्किल से डटकर लड़ेगी बेटी ।
माँ बाप पर बोझ नहीं बनेगी बेटी ।
परिवार का सहारा बनेगी बेटी ।
सशक्त नारी सशक्त समाज बनाएगी बेटी ।
सबका मान सम्मान बढ़ाएगी बेटी ।
धरती को स्वर्ग बनाएगी बेटी ।
बचाओ बेटी पढ़ाओ बेटी ।
मत गर्भ में मार गिराओ बेटी ।
लिखी हैं कुछ लाइनें तेरी शान में बेटी ।
मुझे है बेटे से प्यारी बेटी ।
बेटा है दिल तो जान है बेटी ।
खुशनसीब हूँ मैं जो मुझे मिली बेटी ।
नीलम है नाम मेरा और भव्या है मेरी बेटी ।
जो किस्मत से मिला मुझे वो वरदान है बेटी ।

Sponsored
Views 462
इस पेज का लिंक-
Recommended
Author
Neelam Ji
Posts 43
Total Views 10k
मकसद है मेरा कुछ कर गुजर जाना । मंजिल मिलेगी कब ये मैंने नहीं जाना ।। तब तक अपने ना सही ... । दुनिया के ही कुछ काम आना ।।

इस पर अपनी प्रतिक्रिया देंं


हिंदी साहित्यपीडिया का फेसबुक ग्रुप ज्वाइन करें और जुड़ें दुनिया भर के साहित्यकारों एवं पाठकों से- facebook.com/groups/hindi.sahityapedia