बहुत दिन बाद मैं अपने शहर से गाँव आया हूँ ।

Kavi DrPatel

रचनाकार- Kavi DrPatel

विधा- कविता

🌘 शुभ संध्या 🌒
🍁 प्रिय मित्रों 🍁
सहित्यपेडिया में आकर ऐसा लगा जैसे……
🏠🏠🏠🏠🏠🏠🏠🏠🏠🏠🏠🏠🏠🏠🏠🏠🏠🏠
बहुत दिन बाद मैं अपने , शहर से गाँव आया हूँ ।

जन्मभूमि यही मेरी , मैं छूने पाँव आया हूँ ।

यहाँ पर माँ की यादें हैं , यहीं बचपन मेरा गुजरा,

पुराना है अभी बरगद , उसी की छाँव आया हूँ ।
🏰🏰🏰🏰🏰🏰🏰🏰🏰🏰🏰🏰🏰🏰🏰🏰🏰🏰

🏡 वीर पटेल 🏡

Sponsored
Views 78
इस पेज का लिंक-
Recommended
Author
Kavi DrPatel
Posts 25
Total Views 1k
मैं कवि डॉ. वीर पटेल नगर पंचायत ऊगू जनपद उन्नाव (उ.प्र.) स्वतन्त्र लेखन हिंदी कविता ,गीत , दोहे , छंद, मुक्तक ,गजल , द्वारा सामाजिक व ऐतिहासिक भावपूर्ण सृजन से समाज में जन जागरण करना

इस पर अपनी प्रतिक्रिया देंं


हिंदी साहित्यपीडिया का फेसबुक ग्रुप ज्वाइन करें और जुड़ें दुनिया भर के साहित्यकारों एवं पाठकों से- facebook.com/groups/hindi.sahityapedia
3 comments
  1. वाह्ह्ह् क्या बात है वीर पटेल जी । आपकी भावनाओं को नमन । बहुत ही सुन्दर लिखा है आपने

  2. सच में जो दिल ने महसूस किया ,,,,, वही लिख दिया ,,,,
    सादर नमन डॉ.अर्चना गुप्ता जी हार्दिक बधाई