जिंदगी क्या है….

Dr Meenaxi Kaushik

रचनाकार- Dr Meenaxi Kaushik

विधा- कविता

******जिंदगी क्या है*******

अपनों का प्यार है जिंदगी ,
सपनों का संसार है जिंदगी।

थोडी खुशियां थोडे गम,
मिला जुला व्यवहार है जिंदगी।

मां का आंचल है ,
पिता का प्यार है जिंदगी।

भाई का दुलार है ,
बहना का लगाव है जिंदगी।

पि्रयतम का साथ है
प्यार का सम्मान है जिंदगी ।

गर गैरों को अपना बना लो,
स्वर्ग का आभास है जिंदगी ।

किसी के काम गर आओ
मानवता का मान है जिंदगी ।।

डा मीनाक्षी कौशिक रोहतक

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Dr Meenaxi Kaushik
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मांगा नही खुदा से ज्यादा बस इतना चाहती हूँ, करके कर्म कुछ अच्छे सबके दिलों मे रहना चाहती हूँl ईश वन्दना जन सेवा कर जीवन बिताना चाहती हूँ, हर पल हर चेहरे पर मुस्कुराहट लाना चाहती हूँ ||

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