****जल ही जीवन*****हाइकु कविता****

Neeru Mohan

रचनाकार- Neeru Mohan

विधा- हाइकु

हाइकु कविता
जल सबका जीवनदाता  |
बिन जल मानुष |
जीवन न पाता |
***** जल ही जीवन ****

*जल ही जल
रत्नगर्भा है स्वर्ग
मानुष माने |
*ईश से जग
मंगलप्रद जल
प्राण पखेरु |
*उड़ते जब
जल बिन जीवन
नीरस सब |
*नद, जाह्नवी 
जलाशय, जलधि
सूखी गागर |
*बिन है जल
मानुष का जीवन
अस्थि पिंजर |
*कृषक कहे
जीवनदाता जल
बिन सलिल |
*खेती नीरस
खेत-खलियान है
जीवन पाते |
*मन की तृषा
क्षीर करे संतुष्ट
शांत पिपासा |
*मन प्रसन्न
कल्याणकारी ईश
धरा समृद्ध ||

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Neeru Mohan
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व्यवस्थापक- अस्तित्व जन्मतिथि- १-०८-१९७३ शिक्षा - एम ए - हिंदी एम ए - राजनीति शास्त्र बी एड - हिंदी , सामाजिक विज्ञान एम फिल - हिंदी साहित्य कार्य - शिक्षिका , लेखिका friends you can read my all poems on my blog (साहित्य सिंधु -गद्य / पद्य संग्रह) blogspot- myneerumohan.blogspot.com

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