कलाम साहब को समर्पित

guru saxena

रचनाकार- guru saxena

विधा- घनाक्षरी

सादगी सहजता सरलता से भरे हुए
मानवतावादी गुण धर्म धारे धाम थे।
थे महान इंसान विज्ञान ज्ञान लिए,
भारत की प्रगति के चढ़ते मुकाम थे।
चरैवेति चरैवेति सूत्र अपनाए हुए,
सदा कर्म रत खास होकर भी आम थे।
उनके आगे ना कोई उपमा ठहरती है,
अब्दुल कलाम जैसे अब्दुल कलाम थे।

गुरु सक्सेना नरसिंहपुर मध्य प्रदेश

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