अखबार रोता है…

Zo Zo Sandeep Yadav

रचनाकार- Zo Zo Sandeep Yadav

विधा- मुक्तक

वतन के काम ना आये वो तन बेकार होता है,
जो धन भूखे को रोटी ना दे खरपतवार होता है।
जवां बेटा मरा है जबभी भारत माँ की रक्षा में
शहादत की खबर आये तो हर अखबार रोता है ।।

संदीप यादव(Zo Zo)
आजमगढ

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Zo Zo Sandeep Yadav
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संदीप यादव अजगरा,अतरौलिया। जिला:- आजमगढ़ विधा:- गजल,गीत व मुक्तक ।।

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